RIP Full Form in Hindi and RIP Meaning in Death

RIP Full Form Kya Hai

RIP Full Form in Hindi, RIP Meaning in Hindi, Soul RIP Full Form in Death, RIP का क्या मतलब है, RIP क्या होता है, RIP का Full Form क्या है, RIP Full Form for Death in Hindi, RIP Long Form, रिप क्या होता है. अगर आप भी इन्हीं सब सवालों के जबाब ढूंढ रहे हो तो इस post को पूरा जरुर पढ़ें.

हम अपनी daily life में ऐसे बहुत words और short forms का use करते है जिनका हमें सही से मतलब और उनकी full forms नहीं पता होती है लेकिन हम लोग दुसरे लोगो से सुनकर या देखकर उन words या short forms का use करने लगते है और ऐसी एक short form है RIP.

आपने भी इस short form को कहीं न कहीं जरुर देखा है इसलिए आप RIP full form और RIP का मतलब जानने के लिए इस post को पढ़ रहे हो तो और ये अच्छा भी क्योंकि बिना किसी चीज के बारे सही से जाने उसका उपयोग करना बहुत ही गलत बात है इसलिए आइये जानते है RIP full form और Soul RIP क्या होता है.

RIP Full Form क्या है और Soul RIP in Death का क्या मतलब होता है?

सबसे पहले जानते है RIP full form क्या है तो दोस्तों RIP full form “Rest in Peace” है और ये full form Latin भाषा के “Requiescat in Pace” से बना है और इन दोनों के हिंदी में अर्थ है “शांति से आराम करें”.

जैसा की आप जानते है जब भी किसी famous personality (प्रसिद्ध व्यक्तित्व) की death हो जाती है तो सभी social media sites या apps पर सभी लोग उनके death news (pictures) की post पर RIP लिखकर comment करते है.

आजकल social media पर किसी की भी death post के comment section में RIP – RIP – RIP लिखने का एक फैशन सा हो गया है लोग जानते ही नहीं है की कब Rest in Peace (RIP) का use करें इसलिए आइये जानते है RIP का क्या मतलब है और इसे कब use करना चाइये.

RIP क्या है और RIP का Use कब करना चाइये?

मैंने आपको ऊपर बताया की Rest in Peace (RIP) का हिंदी में अर्थ होता है शांति से आराम करो और इसका उपयोग उन लोगो की death पर करना चाइये जिन्हें कब्र में दफनाया जाता हो जैसे की ईसाई और मुस्लिम धर्म में किसी मृत्यु हो जाती है तो उसे कब्र में दफनाया जाता है.

अब आप सोच रहें होंगे की सिर्फ कब्र में दफनाये हुये लोगो के death के लिए ही RIP का use क्यों करें तो मैं आपको बता दूँ की ईसाई और मुस्लिम धर्म मान्यताओं के अनुसार जब कभी “जजमेंट डे” या “क़यामत का दिन” आएगा, उस दिन कब्र में पड़े ये सभी मुर्दे पुनर्जीवित हो जाएँगे और फिर उस कयामत के दिन उन सबका न्याय होगा.

अतः उनके लिए कहा गया है, कि उस क़यामत के दिन के इंतज़ार में शान्ति से आराम करो यानी Rest in Peace इसलिए ईसाई धर्म में death के बाद बॉडी को जमीन में गाड़ने के बाद उसके ऊपर Rest in peace लिख देते हैं.

हिन्दू धर्म की मान्यताओं के अनुसार शरीर नश्वर है और आत्मा अमर है इसलिए हिन्दू शरीर को जला दिया जाता है जिससे की आत्मा निकलकर किसी दूसरे नए जीव के शरीर में प्रवेश कर सके और इसलिए किसी हिन्दू की मृत्यु पर “विनम्र श्रद्धांजलि”, “श्रद्धांजलि”, “आत्मा को सदगति प्रदान करें” जैसे वाक्य का प्रयोग करना चाहिए और किसी मुस्लिम या ईसाई की मृत्यु पर उनके लिए RIP लिखना चाइये.

Hello Friends, आशा करता हूँ की आपको ये RIP Full Form in Hindi and RIP Meaning in Death post पसंद आई होगी. अगर आपको इस post से related कोई सवाल या सुझाव है तो नीचे comment करें और इस post को अपने दोस्तों के साथ जरुर share करें.

22 responses to “RIP Full Form in Hindi and RIP Meaning in Death”

  1. Amol Balsure says:

    I understand this word

  2. Ankush Parmar says:

    RIGHT

  3. VIKRAM KUMAR says:

    Right

  4. piyush kumar says:

    thanks for explain in details
    I understood this word

  5. ashok says:

    thanks for explain in detail

  6. Dhirendra kumar says:

    Bhai sab phir kyun likhate hai

  7. Jignesh says:

    Good. Lekin to hindu ke liye konsa english word use karna chhiye thanks

  8. pooja Khapane says:

    Thanks for explanation this words

  9. Amresh says:

    Thanks for actual
    information

  10. Bikash says:

    So good

  11. BASHISHT KUMAR says:

    thanks for explanation of word.

  12. Abhimanyu says:

    🙏 Thanks

  13. Rat says:

    Sahi hai

  14. Arvind Kumar says:

    Yes absolutely right

  15. Nikita yamawar says:

    Thank you!

  16. Ishika says:

    Thank you

  17. H.o.p.gautam says:

    Explanation with right and broad sense for all religions are quite meaningful and correct..so every human being should think and choose the word RIP or pay tribute/homage for the departed soul according to their own feelings and social customeries ,being human beings…thanks

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